UP: ट्रैक्टर मालिक किसानों से 10 लाख तक के पसर्नल बॉन्ड व जमानत मांगने पर PIL दाखिल, HC ने मांगा जवाब

लखनऊ. इलाहाबाद हाईकोर्ट (Allahabad High Court) की लखनऊ बेंच (Lucknow Bench) ने ट्रैक्टर मालिक किसानों से भारी राशि के पर्सनल बॉन्ड और जमानतें मांगने के मामले में डीएम, सीतापुर से जवाब तलब किया है. दरअसल सीतापुर के डीएम ने जिले के ट्रैक्टर मालिक किसानों को नोटिस भेजा था. सीआरपीसी की धारा-111 के तहत ये नोटिस भेजा गया था. इसमें कानून व्यवस्था पर संकट की आशंका के चलते नोटिस देने की बात कही गई थी. नोटिस में ट्रैक्टर मालिक किसानों से 50 हज़ार से लेकर 10 लाख तक के पर्सनल बॉन्ड और इतनी ही रक़म की दो जमानतें मांगी गई थीं. डीएम सीतापुर के इस आदेश पर जनहित याचिका (PIL) हाईकोर्ट में दाखिल हुई है. मामले की अगली सुनवाई 2 फरवरी को होगी.

गुरुवार को जिलाधिकारी से निर्देश प्राप्त कर कोर्ट को अवगत कराने का आदेश अपर महाधिवक्ता को हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच ने दिया है. यह आदेश न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा और न्यायमूर्ति राजीव सिंह की खंडपीठ ने अरुन्धति धुरू की ओर से दाखिल जनहित याचिका पर दिया है.

याचिका में कहा गया है कि 19 जनवरी को जारी नोटिस में सीतापुर के ट्रैक्टर मालिक किसानों से 50 हजार रुपये से लेकर 10 लाख रुपये तक के बंधपत्र और इतनी ही धनराशि की दो-दो जमानतें जमा करने का आदेश दिया गया है. इतनी बड़ी धनराशि के व्यक्तिगत बंधपत्र और जमानतें मांगना मनमानापूर्ण है. याचिका में यह भी दलील दी गई कि मात्र आशंका व पुलिस रिपोर्ट के आधार पर इस प्रकार का नोटिस जारी करना न्यायोचित नहीं है.
याची का कहना था कि गरीब किसान इतनी बड़ी धनराशि के बंधपत्र और जमानतें कहां से लाएगा? यह भी विचार किया जाना चाहिए था. याचिका में यह भी आरोप लगाए गए कि उक्त किसानों के घरों को पुलिस ने घेर रखा है व उन्हें घर से नहीं निकलने दिया जा रहा है. कोर्ट ने अपर महाधिवक्ता वीके शाही को आदेश दिया है कि मामले में जिलाधिकारी सीतापुर से निर्देश प्राप्त कर वह कोर्ट को पूरी जानकारी दें. मामले की अगली सुनवाई 2 फरवरी को होगी.