प्रदेश में पंचायती चुनाव 15 दिसंबर के बाद कराने की तैयारी

हिमाचल प्रदेश चुनाव आयोग पंचायती राज संस्थाओं और स्थानीय निकायों के चुनाव 15 दिसंबर के बाद कराने की तैयारी में है। आयोग ने छह जिलों के उपायुक्तों को पत्र लिखा है। पत्र में कहा गया है कि चुनाव इस साल के अंत में करवाने निर्धारित हैं। उपायुक्त नगर निगम, नगर परिषद और नगर पंचायत की वार्डबंदी का काम जल्द पूरा करवा लें ताकि सरकार इन नए नगर निगम, नगर परिषद और नगर पंचायतों के संबंध में अंतिम अधिसूचना जारी कर सके। चुनाव आयोग ने यह पत्र कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सोलन और ऊना जिलों के उपायुक्तों को भेजा है। सूत्रों के अनुसार वार्डबंदी, की अंतिम अधिसूचना और फाइनल वोटर लिस्ट प्रकाशित होने में आठ दिसंबर तक का समय लग सकता है। इसके बाद आयोग चुनाव का एलान कर सकता है।
 हिमाचल चुनाव आयोग ने पंचायती राज संस्थाओं और शहरी निकायों के चुनाव की तैयारी तेज कर दी है। आयोग ने नामांकन पत्रों सहित अन्य 60 प्रकार के लाखों फार्म छापने का ऑर्डर दे दिया है ताकि चुनाव से पहले उपयोग किए जाने वाले फार्म समय पर जुटाए जा सकें। आयोग ने हिमाचल प्रदेश प्रिंटिंग प्रेस को अक्तूबर अंत तक चुनाव संबंधित जरूरी फार्म छापने के निर्देश दिए हैं। आयोग को पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) से कराना संभव नहीं है। लिहाजा, चुनाव कराने के लिए आयोग एक्शन मोड में है। वक्त पर फार्म मिलने से इन्हें संबंधित जिलों तक समय पर पहुंचाया जा सकेगा।  आयोग के चुनाव अधिकारी संजीव महाजन कहते हैं कि पंचायती राज संस्थाओं और शहरी निकायों के चुनाव के लिए करीब 60  किस्म के फार्म छपाने का कार्य हिमाचल प्रिंटिंग प्रेस को सौंप दिया है। ये फार्म अक्तूबर अंत तक छापने होंगे।