लॉकडाउन से कम हुई कोविड-19 के संक्रमण और मृत्‍युदरः स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय

स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय ने कहा है कि देश में लॉकडाउन लागू करने के कई फायदे हुए हैं और सबसे बडा फायदा यह हुआ है कि इसने महामारी के फैलाव की दर को धीमा कर दिया है।

सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्‍वयन मंत्रालय के अनुमानों के अनुसार लॉकडाउन लागू करने से कई मौतों और संक्रमणों को रोका जा सका है। इसके साथ ही लॉकडाउन के दौरान देश में कोविड-19 से संबंधित विशेष बुनियादी ढांचे का विकास हुआ है, टीकों संबंधी अनुसंधान को बढावा मिला है और आरोग्‍य सेतु के रूप में महामारी से पीडित लोगों के संपर्क में आए व्‍यक्तियों पर नजर रखने वाली प्रणाली सुदृढ हुई है।

मंत्रालय ने कहा है कि केन्‍द्र सरकार राज्‍यों और केन्‍द्र शासित प्रदेशों के साथ कोविड-19 की रोकथाम, इसका फैलाव रोकने और रोगियों का प्रबंधन के लिए कई कदम उठा रही है। मंत्रालय ने कहा है कि कोविड-19 के लिए आवश्‍यक स्‍वास्‍थ्‍य संबंधी बुनियादी ढांचा लॉकडाउन के दौरान सुदृढ हुआ है।

देश में नौ सौ से अधिक कोविड अस्‍पताल बनाए गए हैं जिनमें एक लाख 58 हजार से अधिक आइसोलेशन बैड, बीस हजार से अधिक आई सी यू बैड और करीब 70 हजार ऑक्‍सीजन की सुविधा वाले बैड उपलब्‍ध हैं। केन्‍द्र ने राज्‍यों और केन्‍द्र शासित प्रदेशों को एक करोड 13 लाख एन-95 मास्‍क और करीब 90 लाख पर्सनल प्रोटक्‍शन एक्‍विपमेंट-पी पी ई उपलब्‍ध कराए हैं। स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय ने कहा है कि भारत में कोविड-19 महामारी की मृत्‍युदर दो दशमलव आठ छह प्रतिशत है जबकि विश्‍व स्‍तर पर इसकी औसत दर छह दशमलव तीन छह प्रतिशत है।