Accident in Lucknow: ट्रॉली सहित तालाब में डूबे, 10 की मौत

0
1

लखनऊ के इटौंजा के असनहा गद्दीपुरवा में तेज रफ्तार ट्रक ने ट्रैक्टर-ट्रॉली को टक्कर मार दी। हादसे में मुंडन कराने जा रहे लोगों सहित ट्रैक्टर-ट्रॉली तालाब में पलट गई। हादसे में सभी डूब गये। जिलाधिकारी लखनऊ ने अब तक 10 मौतों की पुष्टि की है। पुलिस ने गोताखोरों व स्थानीय लोगों की मदद से 35 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया है। कई शव बाहर निकाले गए हैं। रेस्क्यू कार्य जारी है। मृतकों में आठ महिलाएं दो बच्चे शामिल है। मृतकों को मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष से चार-चार लाख की सहायता देने की घोषणा की गई है।

सीतापुर के अटरिया स्थित तिकौली गांव के चुन्नीलाल उर्फ चुन्नन के बेटे का मुंडन संस्कार था। नवरात्रि के पहले दिन इटौंजा के ऊनई देवी मंदिर में मुंडन होना था। इसके लिए पूरा परिवार रिश्तेदारों व परिचितों के साथ ट्रैक्टर-ट्रॉली पर सवार होकर मंदिर जा रहा था। सुबह करीब 10 बजे ट्रैक्टर-ट्रॉली असनहा के गद्दीपुरवा गांव के पास पहुंची थी। इसी बीच बेहटा की तरफ से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक ने ट्रैक्टर-ट्रॉली को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि ट्रैक्टर-ट्रॉली सीधे सड़क किनारे बड़े तालाब में जा गिरी।

मृतकों की सूची
बिट्टो (13) पिता चुन्नीलाल
कोमल (38) पत्नी चुन्नीलाल
सुषमा 58 पत्नी रामरतन मौर्य
रुचि मौर्य (19) पिता रामरतन मौर्य
अन्नपूर्णा देवी (37) पत्नी बाबूराम
सुखरानी पत्नी सुखलाल
सुनील पाल (38) पत्नी राम खेलावन
अंशिका गुप्ता (13) पिता पवन गुप्ता
मालती (40) बाबूलाल
केतकी (55) पति छोटेलाल

हादसे के शिकार लोगों के नाम
सीतापुर के अटरिया स्थित तिकौली के चुन्नीलाल उर्फ चुन्नन के बेटे के मुंडन में एक ही ट्रॉली में सवार होकर 46 लोगों के जाने की बात सामने आई है। इसमें अभिषेक मौर्या, अंशिका मौर्या, शिवा मौर्या, लक्ष्मी मौर्या, अश्विनी चौरसिया, मनीष अवस्थी, सुमन , मीरा चौरसिया, किरन, अनन्या , शिवांश, अंशिका, विमला, राबिया, साजिदा, सुषमा, उर्मिला,  आरती मौर्या, अंजलि, अर्पित मौर्या, आशुतोष, नीतू,अनिकेत, सलोनी, रामरती, प्रिया, पुष्पा गुप्ता, कमला, कृषिका, तान्या, दिव्यांका, जूही, सुमन, पूजा शामिल हैं। पुलिस ने चार शव बाहर निकाला है। वहीं एक को गंभीर हालत में अस्पताल भेजा गया है।

ट्रॉली के नीचे फंसे लोग
हादसे की सूचना मिलते ही इटौंजा के प्रभारी निरीक्षक अपनी टीम के साथ पहुंच गए। ग्रामीणों की मदद से राहत कार्य शुरू किया गया। प्रभारी निरीक्षक के मुताबिक हादसे की शिकार ट्रॉली तालाब मे गिरते ही सभी उसके नीचे दब गये। बाहर निकलने का कोई रास्ता नहीं दिख रहा था। किसी तरह पुलिस व ग्रामीणों ने ट्रॉली के नीचे से लोगों को बाहर निकाला।

चीखों में बदल गया मंगलगान 
ट्रॉली में सवार होकर बेटे का मुंडन कराने नवरात्रि के पहले दिन पूरा कुनबा जा रहा था। ट्रॉली पर सवार महिलाएं देवी गीत और मुंडन से जुड़े मंगलगीत गा रही थीं। सभी को आस थी कि अब मंदिर में पहुंचकर नवरात्रि के पहले दिन माता के दर्शन करेंगे। इसके बाद मुंडन संस्कार करायेंगे। मां की पूजा अर्चना करने के बाद प्रसाद ग्रहण कर घर पर शुभता का संदेश लेकर जाएंगे लेकिन सभी के मंगलगान पर ट्रक चालक की लापरवाही भारी पड़ गई। मंगलगीत अचानक चीखों में बदल गया। हर तरफ चीख-पुकार मच गई।