2017 से 2019 के रिअपीयर छात्र-छात्राओं की मांग, एग्जाम ना होने पर हमें किया जाए प्रमोट

आईटीआई के रिअपीयर एक्जाम ना होने की वजह से छात्र और छात्राओं को अपना भविष्य संकट में दिख रहा है और सरकार द्वारा इस पर कोई भी अहम फैसला नहीं लिया जा रहा है। आईटीआई का सत्र 2 वर्ष का होता है लेकिन हमारा जो आईटीआई का सत्र है वह 5 वर्ष तक होने जा रहा है इसकी मुख्य वजह यह है कि सरकार द्वारा रिअपीयर एक्जाम पर कोई भी निर्णय नहीं लिया जा रहा है। हमारे एग्जाम को कराने का प्रयास करें या फिर हमें भी प्रमोट किया जाए।

नही हो रहा छात्रों का कोई हल

2019 के रिअपीयर छात्र या 2019 से पहले के रिअपीयर छात्रों को प्रमोट किया जाए क्योंकि इस करोना महामारी में हमारा एग्जाम होना संभव नहीं है। क्योंकि इस महामारी के चलते हुए हमने अपने 2 वर्ष गवा दिए हैं और सरकार ने इन 2 वर्षों में हमारे बारे में सोचा तक नहीं हमें प्रमोट किया जाए ताकि हम भी अपने कही नौकरी के लिए हम हिमाचल के आईटीआई के रिअपीयर के 2017 से 19 बैच के सभी छात्रों ने हिमाचल के तकनीकी शिक्षा मंत्री रामलाल मारकंडे से  बात की तो उन्होंने कहा की  हमारे हाथ में कुछ नहीं हो सकता यह दिल्ली सेंटर आईटीआई बोर्ड कंडक्ट ही कर सकता है . कुछ दिल्ली सेंटर आईटीआई बोर्ड कंडक्ट को भी कॉल किया उन्होंने भी कोई जवाब नहीं दिया बोल रहे हैं कि करोना काल की वजह से आपका पेपर रुका हुआ है. फिर हमने भी उनको कहा जो नए छात्र आ रहे हैं आईटीआई की उनकी पेपर आप करवा रहे हैं और जिनके रिअपीयर के एग्जाम 3 साल से ज्यादा समय हो चुका है अभी तक सरकार करवा ही नहीं रही है.

हम आईटीआई 2017 से 2019 बैच के रिअपीयर के सभी छात्रों का कहना है एग्जाम ना होने पर हम पर प्रमोट किया जाए क्योंकि हमारा साल तो पहले ही बर्बाद कर दिया 3 साल से ज्यादा और अगर फिर भी हमारी समस्या का हल नहीं निकला तो हमें मजबूरन आईटीआई की एडमिशन सारी रोक देंगे . 2021 वालों की किसी को भी प्रवेश नहीं देने देंगे आईटीआई में सैकड़ों छात्रों के आईटीआई के 2017 से 2019 बैच के रिअपीयर एग्जाम नहीं हुए हैं .

3 साल से ज्यादा समय हो चुका है सभी की मांग है कि प्रमोट किया जाए. पूरे हिमाचल में सैकड़ों छात्रों के आईटीआई के रिअपीयर एग्जाम ना हुए हैं 3 साल से और सभी छात्रों की मांग है कि प्रमोट किया जाए.