हिमाचल: 18 वर्ष से लेकर 44 वर्ष आयु वर्ग तक के युवाओं को जल्द ही वैक्सीन लगाने की प्रक्रिया शुरू

वैक्सीनेशन के मामले में हिमाचल देश के टॉप-5 राज्यों में शुमार है। 18 वर्ष से लेकर 44 वर्ष आयु वर्ग तक के युवाओं को जल्द ही वैक्सीन लगाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। प्रदेश में हफ्ते-दस दिन के अंदर 1.60 लाख डोज की आपूर्ति हो जाएगी। यह खुलासा स्वास्थ्य मंत्री डा. राजीव सहजल ने मंगलवार को बिलासपुर में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ आयोजित रिव्यू मीटिंग के बाद विशेष बातचीत में किया है। उन्होंने बताया कि बिलासपुर के बाद वह हमीरपुर और कांगड़ा में कोविड व्यवस्थाओं का रिव्यू करेंगे। इससे पहले मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के साथ प्रदेश भर का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा ले चुके हैं।

उन्होंने बताया कि अभी तक प्रदेश में कोविड-19 की पहली डोज 1659619 और दूसरी डोज 380791 लोगों को लगाई गई है। यदि हिमाचल में बेड की स्थिति की बात करें तो इस समय पूरे प्रदेश भर में 3562 बेड हैं, जबकि 1764 ऑक्सीजन बेड हैं। इसी प्रकार आईसीयू बेड की संख्या 250 है तो वहीं, डी-टाइप ऑक्सीजन सिलेंडर 4500, बी-टाइप सिलेंडर 1568 और सामान्य ऑक्सीजन सिलेंडर की तादाद 6068 है। उन्होंने बताया कि हाल ही में यूएसए से प्राप्त 80 हजार एन-95 मास्क केंद्र सरकार की ओर से भिजवाए गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कोविड से निटपने को सरकार द्वारा पूरी तैयारी की गई है।

हर दिन 60 मीट्रिक टन ऑक्सीजन का उत्पादन

डा. राजीव सहजल ने बताया कि प्रदेश में ऑक्सीजन सिलेंडर का पर्याप्त स्टॉक है और रोजाना 60 मीट्रिक टन ऑक्सीजन का उत्पादन हो रहा है, जबकि प्रतिदिन खपत 23 मीट्रिक टन है। हालांकि प्रदेश में कोविड चेन तोड़ने को लगाए गए प्रतिबंधों के जल्द ही सकारात्मक परिणाम दिखेंगे, लेकिन यदि मामले बढ़ते भी हैं तो ऐसी स्थिति से निपटने के लिए ऑक्सीजन सिलेंडरों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। इसके अलावा प्रदेश में जीवनरक्षक दवाओं का स्टॉक पर्याप्त मात्रा में है।

बच्चों को बचाने की योजना बना रही सरकार

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि वैश्विक कोरोना महामारी ने अब नौनिहालों व छोटे छोटे बच्चों को भी अपनी चपेट में लेना शुरू कर दिया है। इससे स्वास्थ्य विभाग की चिंता भी बढ़ गई है। बिलासपुर जिला में हाल ही में आधा दर्जन बच्चे संक्रमित पाए गए हैं। ऐसी विकट परिस्थितियों से निपटने के लिए अब स्वास्थ्य विभाग संक्रमित बच्चों के इलाज को लेकर योजना तैयार करने में जुट गया है। बच्चों में यह संक्रमण किस गति से फैल रहा है जल्द ही इसका अध्ययन किया जाएगा और इलाज के लिए पुख्ता इंतजाम किए जाएंगे। स्वास्थ्य मंत्री ने विधायक सुभाष ठाकुर के साथ गांवों में संक्रमित लोगों का हाल जाना।

एम्स में अभी नहीं बुलाए जा सकते डाक्टर

एम्स में विशेषज्ञ डाक्टरों को मेडिकल कालेजों में वापस बुलाए जाने के सवाल पर स्वास्थ्य मंत्री ने स्पष्ट किया कि अभी तक एम्स का निर्माण पूरा नहीं हुआ है और कोविड-19 की वजह से और विलंब होगा। लिहाजा जब तक ओपीडी शुरू नहीं होती, तब तक प्रदेश भर में बनाए गए डेडिकेटेड कोविड सेंटर्ज में उपचाराधीन मरीजों के इलाज के लिए एम्स के डाक्टरों को भेजा गया है। एम्स की ओपीडी शुरू होने पर उन्हें वापस नियुक्त कर दिया जाएगा।

ताइवान-कुवैत से मिले ऑक्सीजन सिलेंडर

स्वास्थ्य मंत्री सहजल के अनुसार ताइवान की ओर से 185 ऑक्सीजन सिलेंडर प्रदेश को प्राप्त हुए हैं, जबकि कुवैत से 188 मिले हैं। इसके अलावा कुवैत से 107 लाईट वेट ऑक्सीजन सिलेंडर प्राप्त हुए हैं। वहीं, 36 ऑक्सीजन कंसेंट्रेटर मिले हैं।

ऑक्सीजन के मामले में आत्मनिर्भर होगा प्रदेश

शीघ्र ही प्रदेश के सभी उच्च चिकित्सा संस्थान ऑक्सीजन के मामले में आत्मनिर्भर हो जाएंगे। यह बात मंगलवार को अपने हमीरपुर दौरे के दौरान स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण व आयुष मंत्री डा. राजीव सहजल ने कही। हमीरपुर में कोविड-19 महामारी की रोकथाम के प्रबंधों की समीक्षा बैठक में उन्होंने कहा कि आज हम इस महामारी से निपटने में पूरी तरह से सक्षम हैं। उन्होंने कहा कि प्रदेश में कोविड-19 टीकाकरण बेहतरीन ढंग से चल रहा है।

अभी तक लगभग साढ़े 19 लाख लोगों को टीके लगाए जा चुके हैं, जिनमें से 16 लाख से अधिक लोगों को पहली खुराक और शेष लोगों को दोनों टीके लगाए जा चुके हैं। उन्होंने हमीरपुर में चलाए जा रहे टीकाकरण अभियान की प्रशंसा करते हुए कहा कि जिला में अभी तक 1,80,827 लोगों को टीका लगाया जा चुका है, जिनमें से 1,52,587 लोगों को टीके की पहली खुराक एवं 28,240 लोगों को दोनों खुराकें दी जा चुकी हैं। हमीरपुर में हाल ही में पीएसए प्लांट स्थापित किया गया है, जो कि इस जिला के लिए एक उपलब्धि है। एक अन्य प्लांट भी यहां प्रस्तावित है।

कभी मुख्यमंत्री नहीं बन पाएंगे जीएस बाली

पूर्व परिवहन मंत्री जीएस बाली के हाल ही के बयान पर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री डा. राजीव सहजल ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। मंगलवार को हमीरपुर दौरे के दौरान उन्होंने कहा कि जीएस बाली मुख्यमंत्री बनने का दम भरते हैं, लेकिन उनका यह सपना कभी पूरा नहीं होगा। वह कभी मुख्यमंत्री नहीं बन पाएंगे। उन्होंने कहा कि यदि बाली को मैं जनता के बीच नजर नहीं आता हूं, तो यह उनका दृष्टि दोष है। बता दें कि पूर्व परिवहन मंत्री जीएस बाली ने पिछले दिनों यह बयान दिया था कि प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री नजर नहीं आ रहे हैं और आपदा की घड़ी में वह गायब हो गए हैं। उनके इसी बयान पर स्वास्थ्य मंत्री ने प्रतिक्रिया दी है।