गुड़िया केस: सुनवाई लगभग पूरी, 28 अप्रैल को आ सकता है मामले पर फैसला

कोटखाई के गुड़िया केस में अब सुनवाई लगभग पूरी हो गई है। 28 अप्रैल को इस मामले पर फैसला आ सकता है। शुक्रवार को आरोपी नीलू को कड़ी सुरक्षा के बीच विशेष अदालत में पेश किया गया। यहां  सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों के वकीलों ने अपनी-अपनी दलीलें अदालत के सामने रखीं। आरोपी की ओर से अधिवक्ता ने इस मामले में आरोपी के लिए गए सैंपल और गिरफ्तारी पर सवाल उठाए। कहा कि जांच एजेंसी ने आरोपी पर नियमों के खिलाफ जांच की है।

अब इस मामले की अगली सुनवाई 28 अप्रैल को होगी। इसी दिन इस मामले पर फैसला भी आ सकता है। इस मामले में आरोपी को सरकार को ओर से लीगल ऐड सेवा में वकील नियुक्त किया गया है। जिला अदालत में इस मामले को किसी भी वकील ने नहीं लड़ने का फैसला लिया था। पकड़े गए आरोपी को नाहन की एक अदालत से उम्र कैद की सजा भी हो रखी है। उधर, गुड़िया के परिजन इस मामले की जांच से खुश नहीं हैं। सीबीआई जांच हमेशा ही शक के घेरे में रही है। इस पर अभी भी मामला उच्च न्यायालय में लंबित है।

2017 का है  मामला
4 जुलाई 2017 को कोटखाई की एक छात्रा स्कूल से लौटते वक्त लापता हो गई थी। 6 जुलाई को कोटखाई के जंगल में इसी लाश मिली थी। मामले में छह आरोपी पकड़े गए थे। इनमें से सूरज की कोटखाई थाने में 18 जुलाई 2017 की रात को हत्या कर दी गई थी। आरोप है कि राजू की सूरज से बहस हुई और उसके बाद राजू ने उसकी हत्या कर दी। हालांकि बाद में मामले में नया मोड़ आया था और उपरोक्त सभी आरोपी जेल से रिहा हो गए थे। अप्रैल 2018 को नीलू को हिरासत में लिया था। उपरोक्त मामले में सीबीआई की ओर से 55 गवाहों के बयान दर्ज किए गए हैं।