सरकारी और गैर सरकारी कार्यालयों में कर्मचारियों को लगेगा कोरोना वैक्सीन का टीका

सरकारी और गैर सरकारी कार्यालयों जहां पर 100 से अधिक कर्मचारी और अधिकारी होंगे, वहां स्वास्थ्य विभाग की टीमें पहुंचकर 45 साल से अधिक उम्र के लोगों को कोरोना वैक्सीन लगाएंगी। शुक्रवार का आयोजित कैबिनेट बैठक में यह फैसला लिया गया है। केंद्र सरकार ने हिमाचल को पांच लाख वैक्सीन की डोज दी है।

इसके अलावा कंपनियों में भी यह वैक्सीन लगाई जाएगी। प्रदेश सरकार ने जिला उपायुक्तों, मुख्य चिकित्सा अधिकारियों और ब्लॉक मेडिकल अफसरों को वैक्सीन लगाने का लक्ष्य दिया है। उपायुक्तों और पुलिस अधीक्षकों को मास्क न पहनने वाले लोगों पर सख्ती से कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।

4500 स्वास्थ्य कर्मी उतरेंगेफील्ड में
कोरोना पर काबू पाने के लिए सरकार ने स्वास्थ्य विभाग के 4500 कर्मचारियों और अधिकारियों को फील्ड में उतारने का फैसला लिया है। पहले 2500 कर्मचारियों को फील्ड में तैनात किया था।

कोरोना को लेकर कैबिनेट बैठक में स्वास्थ्य सचिव ने स्पष्ट की स्थिति 
हिमाचल प्रदेश में कोरोना विकराल रूप धारण कर रहा है। स्थिति पर नियंत्रण पाने को लेकर स्वास्थ्य सचिव अमिताभ अवस्थी ने शुक्रवार को कैबिनेट की बैठक में दो प्रस्तुतियां दीं। कोरोना की वास्तविक स्थिति के साथ संक्रमण की बढ़ती रफ्तार पर कैसे रोक लगाई जाए, इस पर विचार साझा किए। बैठक में बताया गया कि हिमाचल को कोरोना वैक्सीन की पांच लाख और डोज मिली हैं।

उन्होंने बताया कि प्रदेश में कोरोना के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। जनवरी 2021 में एक्टिव मामले घटकर डेढ़ सौ के पासपास रह गए थे, वहीं मार्च-अप्रैल में यह आंकड़ा पांच हजार तक पहुंच गया है। प्रतिदिन 5 से 7 लोगों की इस बीमारी से मौत हो रही है। जनवरी में कोरोना से मौत का ग्राफ .9 फीसदी तक पहुुंच गया था। आज यह आंकड़ा बढ़कर 1.8 फीसदी हो गया है। रिकवरी रेट भी गिरकर 92 फीसदी हो गया है। बताया जा रहा है कि बैठक में उन्होंने बंदिशें लगाने की भी सिफारिश की।

रोजाना लिए जा रहे 8 हजार सैंपल और 50 हजार लोगों को लग रही वैक्सीन
शिमला। स्वास्थ्य सचिव अमिताभ अवस्थी ने बैठक में बताया कि प्रदेश में सैंपल की क्षमता को बढ़ाया गया है। प्रतिदिन 8 हजार से ज्यादा लोगों के सैंपल लिए जा रहे हैं। इसके साथ ही 50 हजार लोगों को वैक्सीन लगाने का टारगेट रखा है।