103 वर्षीय स्वतंत्र भारत के प्रथम मतदाता ने डाला वोट

हिमाचल प्रदेश (Himachal Pradesh) में पंचायती राज संस्थाओं के लिए हो रहे मतदान (Voting) को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला. इस चुनाव में जहां महिला और युवा वोटर हिस्सा लेते नजर आए वहीं स्वतंत्र भारत के प्रथम मतदाता 103 वर्षीय श्याम शरण नेगी (Shyam Sharan Negi) ने रविवार को अपने घर से निकलकर वोट डाला. उन्होंने राजकीय प्राथमिक पाठशाला कल्पा में दोपहर 12.17 मिनट पर मतदान किया. जिला प्रशासन ने उनका स्वागत रेड कॉरपेट बिछा कर किया. प्रशासन की ओर से उपायुक्त किन्नौर हेमराज बैरवा ने स्वतंत्र भारत के प्रथम मतदाता श्याम शरण का टोपी और अंगवस्त्र पहनाकर अभिनंदन किया. इस मौके पर श्याम शरण नेगी ने कहा वो स्वतंत्र भारत में अब तक हुए सभी लोकसभा, विधानसभा और पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव में मतदान करते आए हैं.

वोट डालने पहुंचे देश के सबसे पुराने मतदाता को देखकर कई लोग अचंभित थे. इतने वर्षों बाद भी उनके भीतर वोट डालने की लगन साफ नजर आ रही थी. उन्हें घर से वाहन में लाया गया था. मतदान केंद्र से सड़क लगभग 100 मीटर की दूरी पर थी, उन्हें उठाकर ले जाने की बात कही गई, लेकिन उन्होंने मना कर दिया. वो खुद चलकर वोट डालने गए. वोट डालते समय उन्होंने देश के युवाओं से आग्रह किया कि वो भी समय-समय पर होने वाले लोकसभा, विधानसभा और पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव में अवश्य मतदान करें. उन्होंने कहा कि यह ऐसा अवसर होता है जब हम अपनी पसंद की सरकार को चुनते हैं. जब देश को चलाने के लिए अच्छी सरकार चुनेंगे तो ही देश सही दिशा में बढ़ेगा. इसलिए हर मतदान में अपनी जिम्मेवारी को निभाते हुए मतदान करना चाहिए. इसमें युवा जितना आगे आएंगे, देश उतना ही बेहतर बनेगा.

नेगी के परिवारवालों ने बताया कि वो हर चुनाव को लेकर सक्रिय रहते हैं. चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों के बारे में जानकारी लेते हैं. जो कोई घर पर वोट मांगने पहुंचता है उससे बैठकर बात करते हैं. इसीलिए वोटिंग करने में भी वो किसी से कोई रायशुमारी नहीं करते. वो सभी से अच्छे उम्मीदवार को वोट करने की अपील जरूर करते हैं.