इस वर्ष लगभग 15 से 20 क्विंटल देशी घी से बनाए मक्खन से माता की पिंडी को भोग लगेगा

कांगड़ा: मकर सक्रांति पर्व को लेकर शक्तिपीठ माता श्री बज्रेश्वरी मंदिर में तैयारी चल रही है। इस वर्ष भी लगभग 15 से 20 क्विंटल देशी घी से बनाए मक्खन से माता की पिंडी को तैयार किया जाएगा। मंदिर परिसर में पूरे रीति-रिवाज के साथ मक्खन बनाने का शुभारंभ कर दिया गया। वहीं मंदिर में घी पहुचना भी शुरू हो गया है। मंदिर प्रशासन के पास अभी तक मंदिर में श्रदालुओं द्वारा लगभग सात किवटल देशी घी दान में चुका है।

कोरोना के चलते इस वर्ष मंदिर में जागरण नहीं होगा 

कोरोना के चलते इस वर्ष मंदिर में जागरण का आयोजन तो नहीं होगा। मगर मंदिर को हर वर्ष की तरह रंग-बिरंगी लाइटों के साथ सजाया जाएगा। श्रद्धालु माता की पिंडी के दूर से ही दर्शन कर सकेंगे। इस कार्य में लगे पुजारी वर्ग का कहना है कि रोजाना वे छह घंटे इस कार्य को करते है तथा 108 बार शीतल जल से घी को धोकर मक्खन में तबदील किया जाता है।