सरकार ने सीरम इंस्टीट्यूट के साथ की 6.6 करोड़ वैक्सीन खरीदने की डील, 200 रुपये का होगा टीका: सूत्र

नई दिल्ली. एस्ट्राजेनेका (Astrazeneca) और ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय (Oxford University) द्वारा विकसित कोरोना वायरस टीके (Coronavirus Vaccine) की लागत सरकार को प्रति खुराक 3-4 डॉलर (219-292 रुपये) बैठेगा. इस वैक्सीन की भारतीय विनिर्माता सीरम इंस्टिट्यूट ऑफ इंडिया (Serum Institute of India) ने सोमवार को यह जानकारी दी. दुनिया की सबसे बड़ी वैक्सीन विनिर्माता एसआईआई (SII) के पास कोविड-19 वैक्सीन (Covid-19 Vaccine) की खुराक के उत्पादन का लाइसेंस है और अबतक वह पांच करोड़ खुराक का उत्पादन भी कर चुकी है.
केंद्र ने सीरम इंस्टीट्यूट के साथ वैक्सीन खरीद समझौते की रूपरेखा तैयार की है जो भारत में ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी-एस्ट्राजेनेका वैक्सीन का निर्माण कर रहा है. न्यूज 18 को सूत्रों ने बताया कि सरकार तीन करोड़ फ्रंटलाइन और हेल्थकेयर केयर वर्कर्स को टीका लगाने के लिए 6.6 करोड़ खुराकें खरीदेगी. एसआईआई के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अदार पूनावाला (Adar Poonawala) ने पीटीआई-भाषा से कहा कि कंपनी पहले चरण में भारत सरकार और जीएवीआई (वैक्सीन और टीकाकरण के वैश्विक गठजोड़) देशों को कोविशील्ड (Covishield) की बिक्री शुरू करेगी. उसके बाद वैक्सीन की बिक्री निजी बाजार को की जाएगी.

 

भारतीय औषधि नियामक ने रविवार को कोविशील्ड और भारत बायोटेक (Bharat Biotech) की कोवैक्सीन (Covaxine) के आपात इस्तेमाल की मंजूरी दी है.

 

पूनावाला ने कहा, ‘‘हम चाहते हैं कि सभी को उचित कीमत पर यह वैक्सीन उपलब्ध हो. भारत सरकार को यह टीका काफी कम कीमत 3-4 डॉलर में मिलेगा. वे बड़ी मात्रा में टीका खरीदेंगे.’’
पहले भारत और जीएवीआई देशों को दी जाएगी वैक्सीन
महामारी की शुरुआत होने पर पूनावाला ने कोविड-19 वैक्सीन की उम्मीद के बीच बड़ा जोखिम लेते हुए यूरोप (Europe) और अमेरिका (America) को भेजे जाने वाले उत्पादों को ‘बंद’ कर सीरम की असेंबली लाइन को नए सिरे से तैयार किया. पूनावाला ने कहा कि प्राथमिकता के आधार पर यह वैक्सीन भारत और जीएवीआई देशों को दी जाएगी. उन्होंने कहा कि भारत और जीएवीआई देशों की जरूरतों को पूरा करने के बाद ही निजी बाजार को यह टीका उपलब्ध कराया जाएगा. पूनावाला ने कहा कि निजी बाजार में यह टीका 6-8 डॉलर में दिया जाएगा.
उन्होंने कहा कि एक महीने तक सीरम के बाद इस टीके की 10 करोड़ खुराक होगी. अप्रैल तक संभवत: यह आंकड़ा दोगुना हो जाएगा.सरकार ने संकेत दिया है कि उसे जुलाई, 2021 तक 30 करोड़ खुराक की जरूरत होगी. शुरुआत में यह टीका स्वास्थ्य कर्मियों और बुजुर्गों को लगाया जाएगा.