26 दिनों में पहली से 8वीं का एक भी छात्र पॉजिटिव नहीं, संक्रमण दर से ज्यादा रिकवरी रेट

राज्य के सरकारी स्कूलों में छोटे बच्चों के लिए 10 नवंबर से शुरू हुई रेगुलर कक्षाओं बाद स्कूलों में स्थिति सामान्य बनी हुई है। खासकर पहली से आठवीं कक्षा के बच्चों के लिए प्रदेश सरकार ने दो साल बाद स्कूल खोले हैं। लेकिन, राहत की बात यह है कि पिछले 26 दिनों में छोटे बच्चों का एक भी पॉजिटिव मामला स्कूलों में नहीं आया है। बाकी कक्षाओं की भी यदि बात की जाए तो रोजाना एक या दो ही मामले स्कूलों में आ रहे हैं। वहीं, कुल पॉजिटिव मामलों के आंकड़ों पर गौर किया जाए तो रिकवरी रेज पॉजीटीव से ज्यादा है। यानी अब साफ है कि प्रदेश सरकार ने छोटे बच्चों को स्कूल बुलाने का जो फैसला लिया था, वह राहत देने वाला है। स्कूल खोलने से पहले अभिभावकों के मन में यह संशय था कि छोटे बच्चों को स्कूल कैसे भेजेंगे, उनकी सुरक्षा का ख्याल कौन रखेगा, स्कूल में सोशल डिस्टेसिंग रहेगी या नहीं।

कोविड का डर सभी के मन में था, लेकिन पिछले काफी समय से एक भी केस स्कूल में नहीं आया। वहीं, नौवीं से 12वीं कक्षा के बच्चों के लिए 27 सितंबर से रेगुलर कक्षाएं शुरू की गई थीं। उसमें भी केवल एक ही छात्र की अभी तक मौत हुई है, यानी अब आने वाले समय में स्कूलों में स्थिति सामान्य होने की पूरी उम्मीद है। शिक्षा विभाग की ओर से स्कूलों को खासतौर पर निर्देश दिए गए हैं कि स्कूलों की रैंडम चैकिंग की जाए। वहीं, किसी भी स्कूलों में यदि एक भी मामला कोविड पॉजिटिव आता है।  प्रदेश के स्कूलों में कोविड के अब तक 592 मामले सामने आ चुके हैं और इसमें अब तक 537 छात्र रिकवर हो चुके हैं और अभी 55 छात्र एक्टिव रह गए हैं। गुरुवार को कोई छात्र पॉजिटिव नहीं आया है।    (एचडीएम)

गुरुवार को स्कूलों में छात्रों की हाजिरी

कक्षा     उपस्थिति

पहली   80.65 %

दूसरी    79.93 %

तीसरी  81.95 %

चौथी     84.62 %

पांचवीं  83.98 %

छठी     82.20 %

सातवीं  83.48 %

आठवीं  82.95 %

नौंवी     75.00 %

दसवीं   82.00 %

11वीं     26 %

12वीं     16 %