हिमाचल में सरकारी डिपुओं में नवंबर से आंखों की स्क्रीनिंग करके मिलेगा राशन : राजेंद्र गर्ग

हिमाचल प्रदेश के सरकारी डिपुओं में नवंबर से आंखों की स्क्रीनिंग करके राशन वितरण प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। इसके लिए खाद्य आपूर्ति विभाग ने टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली है। इसके शुरू होने से डिपुओं में बायोमीट्रिक मशीन खराब होने या सर्वर डाउन होने जैसी समस्याओं से उपभोक्ताओं को परेशान नहीं होना पड़ेगा। खाद्य आपूर्ति विभाग प्रदेश के करीब 18.50 लाख राशन कार्ड उपभोक्ताओं के लिए डिपो में राशन लेने की प्रक्रिया और आसान करने जा रहा है।

खाद्य आपूर्ति मंत्री राजेंद्र गर्ग ने कहा कि कोरोना काल में लोगों को डिपुओं में राशन लेने के लिए परेशानियों का सामना करना पड़ा। इस बीच बायोमीट्रिक से राशन लेने के लिए लोगों को अंगूठा लगाना होता था।

इससे कोरोना संक्रमण फैलने का खतरा रहता था। डिपो धारकों को भी अपनी सुरक्षा दाव पर लगाकर राशन वितरण करना पड़ता था। अब नवंबर से डिपुओं में आंखों की स्क्रीनिंग कर राशन दिया जाएगा। इससे कोविड फैलने का खतरा खत्म होगा। इसके लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी को चुकी है। मंत्री ने कहा कि डिपुओं में अब तक चीनी खुली आती थी। कई कारणों से चीनी गीली हो जाती है और उसका वजन बढ़ जाता है।

ऐसी चीनी उपभोक्ताओं के इस्तेमाल के लिए नहीं रहती। अब पैकेट में उपभोक्ताओं को चीनी मिलेगी, जिससे न वह खराब होगी और न वजन की समस्या आएगी। मंत्री ने कहा कि वन नेशन वन राशनकार्ड को डिजिटल करने वाला हिमाचल प्रदेश देश का पहला राज्य है। करीब 36 लाख लो सैलरी कर्मचारी भी सस्ते राशन के दायरे में लाए जा रहे हैं।

अलका की नड्डा और अनुराग पर की गई टिप्पणी कांग्रेस की घटिया मानसिकता : गर्ग
मंत्री राजेंद्र गर्ग ने कहा कि बीते दिनों कांग्रेस नेता अलका लांबा ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर पर जो टिप्पणी की है, वह कांग्रेस की घटिया मानसिकता को दर्शाती है। कांग्रेस खुद नशे के कारोबार को बढ़ावा देती रही है और अब वही आरोप भाजपा पर जड़ रही है। इससे साबित होता है कि सत्ता हासिल करने के लिए कांग्रेस किस स्तर की घटिया राजनीति कर रही है।