नगर निकाय चुनाव: बिना अनुमति के प्रचार सामग्री लगाना ‘नेताजी’ को पड़ेगा भारी

प्लास्टिक की प्रचार सामग्री पर पूरी तरह पाबंदी रहेगी। किसी भी प्रचार सामग्री में प्लास्टिक का प्रयोग किया जाता है तो उसे चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन माना जाएगा। नगर निकाय और पंचायत चुनावों में प्लास्टिक के झंडे, बैनर, टोपियों का काफी अधिक प्रयोग किया जाता है। प्रदेश में पहले से पॉलिथीन के लिफाफों पर बैन है। अब प्रचार सामग्री पर भी बैन लगा दिया गया है।

रिजल्ट के एक सप्ताह के भीतर हटानी होगी चुनावी सामग्री
नगर निकाय का परिणाम आने के एक सप्ताह के भीतर चुनाव सामग्री को प्रत्याशियों को हटाना होगा। ऐसा न करने वालों के खिलाफ चुनाव आयोग के नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी। चुनावों के परिणाम आने के बाद कई दिनों तक प्रचार सामग्री लगी रहती है। गंदगी का आलम भी रहता है।