ट्रायल सफल: हृदयाघात, रक्तचाप के लिए रामबाण एवोकेडो फल की हिमाचल में होगी पैदावार

हृदय रोग और रक्तचाप जैसी बीमारियों से जूझ रहे मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। इन बीमारियों के लिए रामबाण एवोकेडो फल अब हिमाचल में पैदा होगा। इससे प्रदेश के बागवानों की आर्थिकी भी मजबूत होगी। उद्यानिकी एवं वानिकी महाविद्यालय नेरी में इस फल का ट्रायल सफल हो गया है।

चार वर्ष पहले नेरी कॉलेज में वैज्ञानिक डॉ. सोमदेव शर्मा ने 50 पौधे इस फल के लगाए थे। इस साल इन पौधों में पहली बार फल उगे हैं। अब कॉलेज में इस फल के पौधों की नर्सरी तैयार करने की योजना है ताकि बागवानों को इसके पौधे आसानी से उपलब्ध करवाए जा सकें। एवोकेडो फल गर्म इलाकों में उगाया जाता है। यह फल उत्तरी अमेरिका में उगाया जाता है और बाजार में 150 से 200 रुपये प्रति किलो के हिसाब से बिकता है।

एवोकेडो फल में पाए जाने वाले फैट्स स्वास्थ्य के लिए बहुत ही लाभदायक माने जाते हैं। इससे हृदय रोग रोग, रक्तचाप जैसी बीमारियों से राहत मिलती है। इसमें कार्बोहाइड्रेट्स, विटामिन सी, बी, ई, पोटेशियम समेत अन्य पोषक तत्व पाए जाते हैं। यह फल 500 से 1000 मीटर तक की जलवायु वाले क्षेत्रों में उगाया जाता है। 2017 में शोध के लिए प्रदेश में पहली बार नेरी में यह पौधे लगाए गए थे।

हालांकि कुछ बागवानों ने अपने स्तर पर इस फल के पौधे लगाए हुए हैं, लेकिन अनुसंधान के लिए नेरी में ही पहली बार यह पौधे लगाए गए थे। अब नेरी में पौधों पर फल लग गए हैं। डॉ. सोमदेव शर्मा ने कहा कि नेरी में एवोकेडो फल का ट्रायल सफल हो गया है। अब बड़े स्तर पर इसका उत्पादन करने का प्रयास किया जाएगा और बागवानों को लाभ पहुंचाया जाएगा।