जीप गिरी, दो सगे भाइयों की मौत, ठियोग के लेलु पुल में सेब से भरी गाड़ी के खाई में गिरने से हादसा

शिमला के उपमंडल ठियोग के साथ लगते सैंज के लेलुपुल के पास सड़क हादसे में दो युवक काल का ग्रास बन गए। ये दोनों सगे भाई हैं। मिली जानकारी के अनुसार पिकअप गाड़ी (एचपी 30ए-0292) देहा की ओर से सेब लेकर ठियोग की ओर आ रही थी कि लेलुपुल के पास गाड़ी अनियंत्रित होकर साथ लगती खड्ड में जा गिरी। हादसा बुधवार देर रात में हो गया, लेकिन इसकी सूचना सुबह के समय पुलिस को मिली। हादसे में चालक प्रताप सिंह उम्र 32 साल पुत्र कांसू गांव मझोली डाकखाना तहसील ठियोग व अनूप पुत्र पुत्र कांसू राम उम्र 25 साल दोनों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि गाड़ी में सवार दीपक पुत्र बाली राम गांव दलेउ डाकखाना चियोग उम्र 14 हादसे में बुरी तरह घायल हो गया, जिसे पुलिस व स्थानीय लोगों द्वारा प्राथमिक उपचार के लिए सिविल अस्पताल ठियोग भेजा गया। इसके बाद उसे आईजीएमसी रैफर किया गया है। हादसे के बाद डीएसपी ठियोग मौके का जायजा लेने के लिए पहुंचे।

उधर, पुलिस अधीक्षक मोनिका भुटुंगुरु ने हादसे की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि दो लोगों की मौत हो गई और एक अन्य घायल हो गया । शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिए हैं और हादसे के कारणों की जांच कर रही हैं। वहीं सैंज के उपप्रधान प्रेम शर्मा ने बताया कि जहां हादसा हुआ है, वहां जगह बहुत तंग है, जिसके कारण पहले भी हादसे हो चुके हैं। पिछले तीन सालों से सड़क के ऊपरी तरह ल्हासा गिरा हुआ है, जिसे आज तक हटाया नहीं गया है, जो कि हादसों का कारण बन रहा है। उन्होंने सरकार से सड़क को चौड़ा करने व के्रश बैरियर लगाने की मांग की है। वहीं हादसों के होने के बाद ही प्रशासन जागता है, लेकिन जब तक कोई बड़ा हादसा न हो, किसी के कान पर जूं तक नही रेंगती। आखिर इनसानी जिंदगी से खिलवाड़ का यह सिलसिला कब तक जारी रहेगा। नेता वोट तो बटोरते हैं, लेकिन धरातल पर समस्या जस की तस रहती है। गलती किसी की भी हो, लेकिन हादसों में लोगों की बलि कब तक चढ़ती रहेगी।