कॉमेडियन वीर दास का खुलासा: एटीएम एजेंट फोन कर रोज दे रहा था धमकी, खाते में थे सिर्फ 8 डॉलर.. और मैं रो रहा था

कॉमेडियन वीर दास ने एक अहम और सनसनीखेज खुलासा किया है। उन्होंने कहा कि नेटफ्लिक्स सीरीज मेड देखने के बाद उन्हें चिंता हुई और अपने जीवन का सबसे ‘निम्नतम बिंदु’ यानी सबसे बुरे दिन याद आ गये। उन्होंने कहा, मेड सीरीज में नौकरानी को देखकर मुझे चिंता हुई। मेरा सबसे निचला बिंदु यानी संघर्ष के दिन शिकागो 2002 रहा होगा। उस वक्त मेरे पास कोई बीमा नहीं था। किराया देने में देरी हो रही थी। कमरे से बेदखली होने वाली थी और क्रेडिट कार्ड एजेंट रोजाना फोन कर धमकी दे रहा था। उन्होंने आगे लिखा, मेरे खाते में सिर्फ 8 डॉलर थे और मैं 2 बजे एटीएम के बाहर रो रहा था। क्योंकि एटीएम आपको केवल 20 निकालने देता है।

वीर दास ने इंस्टाग्राम के जरिए फैंस को अपने संघर्ष की कहानी सुनाई और यह खुलासा किया। उन्होंने शिकागो में अपनी जरूरतों को पूरा करने के लिए कई तरह की अजीबोगरीब नौकरियों के बारे में भी फैंस को बताया।

वीर दास ने कहा कि उस वक्त उन्होंने तीन नौकरियां कीं। उन्होंने लिखा कि पहली नौकरी बिना पैसे वाली इंटर्नशिप थी और दूसरी नौकरी में पैसा मिलता था, लेकिन देरी से। उन्होंने कहा कि तीसरी नौकरी कमीशन पर थी जो मैंने कभी नहीं की क्योंकि मैं एक भूरा था जो कि 9/11 के बाद घर-घर जाकर रसोई के चाकू बेच रहा था।

उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक लंबा नोट लिखा है। जिसमें कहा, मैं एक भयानक फ्लैटमेट था। कुछ रातें वहां सोया जिस थिएटर कंपनी में काम करता था। उन्होंने बताया कि वह जिस थिएटर कंपनी में काम करते थे उसके बिल्डिंग के कोड का इस्तेमाल कर वापस वहां सोने के लिए चले जाते थे। क्योंकि वहां गर्म था। उन्होंने बताया कि किसी ने उन्हें सीसीटीवी में ऐसा करते हुए नहीं देखा था।