कल्याण विभाग द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं की अतिरिक्त उपायुक्त ने की समीक्षा बैठक

नाहन:  जिला सिरमौर में वर्ष-2020 के दौरान अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम के अतंर्गत 15 मामलों में पीड़ितों को 9 लाख रूपये की राहत राशि प्रदान की गई है। जिसमें पिछले तीन महीनों के दौरान 10 मामलों में 4 लाख 76 हजार रूपये प्रदान किए गए है।

यह जानकारी अतिरिक्त उपायुक्त सिरमौर प्रियंका वर्मा ने उपायुक्त कार्यालय के सभागार में कल्याण विभाग द्वारा बैठक की अध्यक्षता करते हुए दी। उन्हांेने बताया कि जिला स्तरीय सतर्कता एवं प्रबोधन समिति के सदस्यों को विद्यालयों तथा आगनवाड़ी केन्द्रों में किसी भी प्रकार के भेदभाव व छुआछूत के मामलों पर निगाह रखने तथा सूचना देने के लिए प्राधिकृत किया गया है।
अल्पसंख्यक वर्ग के कल्याण हेतू प्रधानमंत्री नया-15 सूत्रीय कार्यक्रम की बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त ने बताया कि एकीकृत बाल विकास परियोजनाओं के अतंर्गत जिला मंे 80 आंगनवाड़ी केन्द्र अल्पसंख्यक जनसख्ंया वाले क्षेत्रो में चलाए जा रहे है तथा जिला के विभिन्न आंगनवा़ड़ी केन्द्रों मंे 29 आंगनवाडी कार्यकर्ता तथा 49 आंगनवाड़ी सहायिका अल्पसंख्यक समुदाय से संबंध रखती है। उन्हांेने बताया कि जिला में 0 से 6 वर्ष के 2570 अल्पसंख्यक वर्ग के बच्चों को आंगनवाडी केन्द्रों कें माध्यम से पोषाहार उपलब्ध करवाया जा रहा है।

अतिरिक्त उपायुक्त ने बाताया कि अल्पसंख्यक वर्ग के व्यक्तियों के लिए आर्थिक क्रियाकलापों के लिए अधिवृद्धित ऋण सहायता के अतंर्गत वित वर्ष 2020-21 में 30 नवम्बर, 2020 तक 67 अल्पसंख्यक वर्ग के व्यक्तिों को 2 करोड़ 76 लाख 40 हजार रूपये की राशि प्रदान की गई है।स्थानीय स्तरीय समिति सिरमौर की बैठक की अध्यक्षता करते हुए अतिरिक्त उपायुक्त ने बताया कि कानूनी तौर पर दिव्यांग व्यक्तियों के लिए कानूनी सरक्षक प्रदान करने का अधिकार है जिसके अतंर्गत सिरमौर के दो मामलों मंे समिति द्वारा कानूनी संरक्षक नियुक्त करने के मामलों को अनुमोदित किया गया है।
अतिरिक्त उपायुक्त ने पंचायत विभाग को निर्देश देते हुए कहा कि विभाग पंचायत सचिवों के माध्यम से दिव्यांग व्यक्तियों के यूडीआईडी बारे सर्वेक्षण करे तथा जिन दिव्यांगजनों के अभी तक यूडीआईडी नही बने है उनकी सूचना शीघ्र उपलब्ध करवाई जाए। उन्हांेने क्षेत्रीय  प्रबंधक पथ परिवहन निगम सिरमौर को निर्देश देते हुए कहा कि वह विभाग के सभी परिचालकों को सख्ती से निर्देश दे कि दिव्यागों के बस में आने  पर दिव्यांगों के लिए आरक्षित सीटो को दिव्यागों के लिए खाली करवाए ताकि दिव्यांगों को यात्रा के दौरान कोई भी समस्या न हो। इस अवसर पर डीएसपी नाहन परमदेव ठाकुर, जिला कार्यक्रम अधिकारी आरएस नेगी, क्षेत्रीय प्रबंधक पथ परिवहन निगम रामदयाल सहित अन्य सरकारी तथा गैर सरकारी सदस्य उपस्थित थे।