सभी रूटों पर कल से मेट्रो चलने से लोगों को सफर में मिलेगी राहत, पर इस बात का रखें ध्यान

नई दिल्‍ली:  कोरोना वायरस के कारण पिछले पांच महीने से बंद रहा मेट्रो परिचालन सात सितंबर से शुरू हुआ था. जिसमें नियमित समय के लिए कुछ लाइनों पर ही मेट्रो ट्रेन चलाई गई थी लेकिन अब 12 सितंबर से  सभी रूटों पर मेट्रो चलने से लोगों को सफर में राहत मिलेगी. इतना ही नहीं मेट्रो ट्रेन का समय और शेड्यूल भी पहले की तरह ही होगा.

डीएमआरसी के प्रवक्‍ता की ओर से बताया गया कि शुक्रवार से सभी मेट्रो लाइनों पर मेट्रो का पूर्ण परिचालन होगा. सात सितंबर से शुरू की गई मेट्रो के परिणाम काफी ठीक रहे हैं. कोरोना को देखते हुए सेनिटाइज करने से लेकर यात्रियों की सुविधा के लिए की गई व्‍यवस्‍थाएं भी ठीक रही हैं. वहीं सफर के दौरान यात्रियों ने भी सहयोग दिखाया है. ऐसे में मेट्रो सेवाएं पूरी तरह बहाल की जा रही हैं.

हालांकि मेट्रो में सफर के दौरान लोगों को देरी झेलनी पड़ सकती है. इसको लेकर डीएमआरसी का कहना है कि लोग कम से कम 20 मिनट का वक्‍त अतिरिक्‍त लेकर चलें. मेट्रो में प्रवेश के दौरान होने वाली स्‍कैनिंग, सामान की सैनिटाइजिंग और मेट्रो दरवाजों के खुलने का वक्‍त भी 15 सेकेंड ज्‍यादा किए जाने से यात्रा में वक्‍त ज्‍यादा लगेगा. ऐसे में यात्रियों को ज्‍यादा वक्‍त लेकर चलना होगा. जिससे लोगों को बाद में परेशान न होना पड़े.

मेट्रो में सफर करने वाले लोगों को ध्‍यान देने की जरूरत
डीएमआरसी की ओर से बताया गया कि दिल्‍ली मेट्रो में सफर करने वाले लोगों को ध्‍यान देने की जरूरत है कि 12 सितंबर से शुरू हो रही सेवाओं के दौरान भीड़ न बढ़ाएं. अगर किसी मेट्रो स्‍टेशन में प्रवेश के दौरान भीड़ ज्‍यादा हो जाती है तो सुरक्षा कारणों से लोगों को बिना प्रवेश दिए वापस भी भेजा जा सकता है. एक निश्चित संख्‍या में ही लोगों को स्‍टेशन में एंट्री दी जाएगी ताकि सोशल डिस्‍टेंसिंग को बरकरार रखा जा सके.

यात्रियों को सफर के लिए मेट्रो कार्ड बनवाना पड़ रहा है
केंद्र सरकार की गाइडलाइंस के मुताबिक ही दोबारा से दिल्ली मेट्रो सात सितंबर से दौड़ने लगी थी. कोरोना महामारी के बाद मेट्रो को बंद कर दिया गया था. सात सितंबर से यात्रियों को मेट्रो में सफर करने के लिए कई बातों का ख्याल रखना पड़ रहा है . सभी यात्रियों को मास्‍क पहनना अनिवार्य कर दिया गया है. यात्रियों को एंट्री के टाइम पर थर्मल स्‍क्रीनिंग और सैनिटाइजेशन की भी व्यवस्था की गई है. नए नियमों के मुताबिक, दिल्ली मेट्रो में सफर के लिए अब टोकन नहीं मिल रहा है. यात्रियों को सफर के लिए मेट्रो कार्ड बनवाना पड़ रहा है. मेट्रो स्टेशनों पर सोशल डिस्टेंसिंग के लिए मार्किंग भी की गई है.