चीन की कार्रवाई के जवाब में भारत करारा जवाब देने को तैयार: राजनाथ सिंह

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मंगलवार को लोकसभा में चीन की पोल खोली। राजनाथ सिंह ने सदन को चीनी सेना की पूरी गतिविधियों की जानकारी दी और बताया कि किस तरह चीनी सैनिकों ने एलएसी पर य०थास्थिति को बदलने की एकतरफा कोशिश की। उन्होंने भारतीय सेना के शौर्य की तारीफ  करते हुए कहा कि हम अपनी सीमा की सुरक्षा में सफल रहे हैं। इस तनाव भरे माहौल में हमारे बहादुर जवानों ने जहां संयम की जरूरत थी, वहां संयम रखा तथा जहां शौर्य की जरूरत थी, वहां शौर्य प्रदर्शित किया। राजनाथ सिंह ने लोकसभा में शुरू से पूरा घटनाक्रम समझाया।

उन्होंने कहा कि अप्रैल माह से पूर्वी लद्दाख की सीमा पर चीन की सेनाओं की संख्या तथा उनके हथियारों में इजाफा देखा गया। मई महीने के प्रारंभ में चीन ने गलवान घाटी क्षेत्र में हमारे सैनिकों के परंपरागत पैट्रोलिंग पैटर्न में रुकावट डाली, जिससे फेसऑफ  की स्थिति पैदा हुई। हमने चीन को डिप्लोमैटिक तथा मिलिट्री चैनल्स के माध्यम से यह अवगत करा दिया कि इस प्रकार की गतिविधियां, यथास्थिति को एकतरफा बदलने का प्रयास है। यह भी साफ  कर दिया गया कि ये प्रयास हमें किसी भी सूरत में मंजूर नहीं है।
राजनाथ ने पूर्वी लद्दाख में सीमा पर ताजा हालात के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि अभी की स्थिति के अनुसार चीनी पक्ष ने एलएसी और अंदरूनी क्षेत्रों में बड़ी संख्या में सैनिक टुकडि़यां और गोला-बारूद मोबलाइज किया हुआ है। पूर्वी लद्दाख और गोगरा, कोंगका ला और पैंगोंग झील के उत्तरी और दक्षिणी किनारे पर तनाव वाले कई इलाके हैं। चीन की कार्रवाई के जवाब में हमारी सेना ने भी इन क्षेत्रों में उपयुक्त काउंटर तैनाती की है, ताकि भारत के सुरक्षा हित पूरी तरह सुरक्षित रहें। अभी जो स्थिति बनी हुई है, उसमें संवेदनशील ऑपरेशन मुद्दे शामिल हैं, इसलिए मैं इस बारे में ज्यादा ब्यौरा का खुलासा नहीं करना चाहूंगा।